मंगलवार, 1 जून 2010

विश्नोई का स्वागत

भास्कर न्यूज़ .करड़ा
अखिल भारतीय विश्नोई महासभा के अध्यक्ष एवं लूणी विधायक मलखानसिंह विश्नोई का रविवार को यहां पहुंचने पर विश्नोई समाज धर्मशाला में स्वागत किया गया। इस मौके पर विश्नोई के पंचगणों ने विश्नोई का माल्यार्पण कर एवं ढोल-ढमाकों के साथ बहुमान किया। इसके बाद बैठक का आयोजन किया गया। इसमें विधायक विश्नोई ने समाज में व्याप्त कुरीतियों को मिटाने, संगठित होने और शिक्षा पर जोर देने की आवश्यकता जताई। इस अवसर पर पूर्व विधायक हीरालाल विश्नोई, प्रधान चनणीदेवी विश्नोई, पूर्व प्रधान सुखराम विश्नोई, देराम विश्नोई, सेवानिवृत्त आरएएस कालूराम विश्नोई, गंगाराम खिचड़, परसराम ढाका, जोराराम विश्नोई, जीएम परमार, जंभेश्वर चेरिटेबल ट्रस्ट के कार्यकारी अध्यक्ष जेठाराम विश्नोई और कोलचंद विश्नोई समेत बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद थे।

पुर में जांभाणी हरिकथा आज से

भास्कर न्यूज़.करड़ा
पुर ग्राम पंचायत के राजीवनगर में विराट जांभाणी हरिकथा का आयोजन १ से ७ जून तक होगा। आयोजन समिति के अनुसार राजीवनगर स्थित श्री गुरु जंभेश्वर मंदिर प्रांगण में हरिद्वार उत्तराखंड के महंत राजेन्द्रानंद महाराज १ से ७ जून तक प्रतिदिन १२ से ४ बजे तक जांभाणी हरिकथा का वाचन करेंगे। इस मौके ७ जून को यज्ञ, पाहल एवं धार्मिक सम्मेलन आयोजित होगा।

शहादत को नमन किया

भास्कर न्यूज़.करड़ा
देश की रक्षार्थ अपने प्राणों की आहुति देने वाले सांचौर के पहले सपूत शहीद सुखराम की चौदहवीं पुण्यतिथि पर रविवार को निकटवर्ती दाता गांव में उनके स्मारक पर श्रद्धांजलि देकर उनकी शहादत को याद किया। जानकारी के मुताबिक गुजरात की सीमा के निकट बसे गांव नेनोल में 1974 में जन्मे सुखराम विश्नोई जम्मू कश्मीर में सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक की सुरक्षा गार्ड में सम्मिलित थे। 1996 के लोकसभा चुनाव के दौरान महानिदेशक कुपवाड़ा जिले के ऊधमपुर में बल की चौकियों के निरीक्षण के लिए गए तब मकान में छिपे उग्रवादियों ने उन पर हमला बोल दिया। चौकन्ने सुरक्षा गार्ड सुखराम ने वीरता का परिचय देते हुए 30 उग्रवादियों को मार गिराया। मुकाबला करते हुए विश्नोई के छीने में गोली लगने से शहीद हो गए।
रविवार को उनकी १४वीं पुण्यतिथि पर दाता स्थित शहीद स्मारक पर आयोजित हुए श्रद्धांजलि समारोह में दिन के 11 बजे उपखंड अधिकारी छगनलाल गोयल, सांचौर प्रधान डॉ शमशेर अली, पूर्व प्रधान सुखराम विश्नोई, सहित शहीद सुखराम के पिता सरूपाराम व माता अणसीदेवी सहित आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में आए लोगों ने शहीद स्मारक पर श्रद्धासुमन अर्पित कर उनकी शहादत को नमन किया